अभियुक्तों की सहायता में माता पिता भी गिरफ्तार, लूट का सोना बेचने की फिराक में थे
बनारस। 8 अप्रैल को शहर के ठठेरी बाज़ार स्थित सीताराम ज्वेलर्स के यहाँ हुई चार करोड़ की डकैती में कुछ अहम् सुराग के साथ एसएसपी नितिन तीवारी ने दो अपराधियों को मीडिया के सामने पेश किया। क्राइम ब्रांच और स्थानीय पुलिस के सहयोग से पुलिस ने घटना में शामिल दो अपराधी और दो अन्य  लोगों को भी गिरफ्तार किया है जिसमे एक महिला भी शामिल है। इन के पास से 250 ग्राम से अधिक का सोना मिला है। फिलहाल अभी डकैती में शामिल मुख्य अभियुक्त सहित आठ लोग पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।

 

ठठेरी बाज़ार में दिन दहाड़े हुई डकैती का आज खुलासा करते हुए पुलिस लाइन सभागार में एसएसपी नितिन तीवारी ने बताया कि आठ अप्रैल को दिनदहाड़े 8 से 9 बदमाशों ने करोड़ों की डकैती डाली थी। जिसके बाद से पुलिस क्राइम ब्रांच विजलेंस और और अन्य खूफिया टीमें इस मामले के आरोपियों की धरपकड़ में लगी हुई थी।
बज़रिये मुखबीर और सीसीटीवी फुटेज और स्कैच के आधार पर शिवम् शर्मा निवासी थाना चौक को पटेलनगर मुगलसराय स्थित उसके मामा के घर से गिरफ्तार कर लिया गया। जिसकी निशानदेही पर उसके पिता सुधीर नाथ शर्मा और माता विनीता शर्मा को उसके चौक स्थित निवास से गिरफ्तार किया।

 

उसके माता पिता उसके हिस्से के लगभग 250 ग्राम जेवर को कही बेचने की फिराक में थे। शिवम् की ही निशानदेही पर जीशान निवासी चाह्मामा थाना चौक को गिरफ्तार किया गया है। इनके पास से घटना में प्रयुक्त कट्टा 315 बोर का 2 अदद ज़िंदा कारतूस 315 बोर व दो मोबाइल फोन भी मिले है

 

पूछताछ में शिवम् ने बताया है कि इस पूरी घटना का मास्टरमाइंड फैजान निवासी कचौड़ी गली थाना चौक है। उसने ही हम लोगों की टीम बनायी थी। एसएसपी नितिन तीवारी ने बताया कि फैजान ने ही इन सभी लोगों की टीम बनायी थी। फैजान पकडे गये अपराधी जीशान का मौसी का लड़का है।
इसके अलावा अमन कुमार सोनी निवासी थाना चौक, फैजान निवासी थाना चौक, आज़ाद निवासी थाना मुगलसराय, पप्पू नाटे निवासी थाना चौक इसके अलावा मनोज मामा पता अज्ञात और दो अन्य अज्ञात लोग इस घटना में शामिल है। जिनको पकड़ने के लिए सम्बंधित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। घटना के कारण का पता फैजान की गिरफ्तारी के बाद ही लग पायेगा।

 

डकैती के वक़्त बाहर खडा था शिवम्
शिवम् ने बताया कि इस घटना की सारी प्लानिंग फैजान और उसके मौसी के लड़के फैजान ने की थी। उन्होंने ही हम सभी को इकट्ठा किया था और दो अन्य अज्ञात लोगों को भी वही लाये थे। हमने घटना के एक दिन पहले भी डकैती को अंजाम देने की कोशिश की थी पर मौक़ा न मिलने की वजह से हम वापस चले गये थे।

 

अगले दिन हमने प्लानिंग के अनुसार हमने घटना को अंजाम दिया। योजना के अनुसार पहले पप्पू नाटे व अल्ताफ उक्त दूकान में जेवर खरीदने के बहाने अन्दर गये। उसके थोड़ी देर बाद अमन, मनोज मामा, व एक व्यक्ति जिसे फैजान लाया था तीनो लोग दूकान में घुसे और सीसीटीवी का रिकार्ड तोड़ने के बाद सबको गन पॉइंट पर ले लिया।

 

बाकी हम लोग गली में अलग अलग जगह खड़े रहे। हम सभी कवर में थे हमारे पास बम, कट्टा और चाकू था अगर विरोध होता तो हम इसके इस्तेमाल के लिए तैयार थे। डकैती को अंजाम देने के बाद हम सभी वहां से भाग गये और सामान को बराबर से बांट लिया। मै अपने हिस्से का सोना अपने मां बाप को देकर मुगलसराय आ गया था।
Comments