नारस। जिस शहर का नाम स्मार्ट सिटी में शामिल हो उस शहर वाराणसी में नगर निगम के उदासीनता को आप समझ सकते हैं। सरकार द्वारा सफाई को लेकर तमाम योजनाएं चल रही हैं लेकिन पीएम के संसदीय क्षेत्र में नगर निगम की लापरवाही से शहर के अधिकतर हिस्सों में बजबजाता सीवर और कूड़े के अम्बार से लोगों को कठिनाई उठानी पर रही है।

विज्ञापन

सिर्फ वीआईपी के आने पर दिखती है सफाई
हालत ये है कि जब कोई वीआईपी शहर में हो, जब ही साफ-सफाई बेहतर होती है। जब कोई वीआईपी का आगमन ना, हो नगर निगम भी अपनी जिम्मेदारी को सही तरीके से नहीं निभा पा रहे हैं।

नालियों की स्‍थिति है बेकार
वाराणसी के सबसे व्यस्त चौराहा आशापुर का यह वही चौराहा है जहां से एक तरफ गाजीपुर की ओर रोड़ जाती है दूसरी तरफ सारनाथ की ओर रोड जाती है। इस चौराहे पर अभी ओवरब्रिज का निर्माण हो रहा है। साथ ही आशापुर से लेकर पांडेपुर तक रोड़ बनायी जा रही है। करोड़ों रुपए खर्च करके रोड़ का निर्माण किया जा रहा है।

सड़क पर बह रहा गंदा पानी
इसके साथ ही साथ ही रोड के दोनों तरफ नालियों का निर्माण किया गया है, जिसमें सरकार का काफी पैसा खर्च हुआ है। परंतु इतना पैसा खर्च होने के बाद भी नालियों का स्थिति खराब है। नाली बनी तो जरूर है, लेकिन नगर निगम के लापरवाही के कारण नालियों में प्लास्टिक और कचरे से नालियां बंद हो चुकी है और गंदा पानी सड़क पर बह रहा है।

नगर-निगम बना मूकदर्शक
इस गंदगी के कारण यहां से गुजरने वाले राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्रीय लोगों के अनुसार कई बार नगर निगम से शिकायत करने के बाद भी इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।

विज्ञापन
Loading...
www.livevns.in का उद्देश्‍य अपनी खबरों के माध्‍यम से वाराणसी की जनता को सूचना देना, शि‍क्षि‍त करना, मनोरंजन करना और देश व समाज हित के प्रति जागरूक करना है। हम (www.livevns.in) ना तो कि‍सी राजनीति‍क शरण में कार्य करते हैं और ना ही हमारे कंटेंट के लिए कि‍सी व्‍यापारि‍क/राजनीतिक संगठन से कि‍सी भी प्रकार का फंड हमें मि‍लता है। वाराणसी जिले के कुछ युवा पत्रकारों द्वारा शुरू कि‍ये गये इस प्रोजेक्‍ट को भवि‍ष्‍य में और भी परि‍ष्‍कृत रूप देना हमारे लक्ष्‍यों में से एक है।