नारस शुक्रवार को बीएचयू के चिकित्सा विज्ञान संस्थान के वार्षिक दिवस के उपलक्ष्य में साहित्यिक कार्यक्रम का संचालन उडुप्पा आडिटोरियम में हुआ। जिसका शुभारंभ चिकित्सा विज्ञान संस्थान के डायरेक्टर प्रो एके अस्थाना ने किया।

दो दिन तक चलेगा कार्यक्रम 

यह कार्यक्रम दो दिन 8 एवं 9 मार्च को सम्पन्न होगा। इस कार्यक्रम  में एक्स्टेम्पोर, निबन्ध लेखन, कविता लेखन, क्विज, कहानी लेखन वाद विवाद, स्लोगन लेखन, होमो फोन्स और टर्नकोट जैसे कार्यक्रम कराए जा रहे हैं। जिसमें चिकित्सा विज्ञान संस्थान की सभी संकायों (माडर्न मेडिसिन, दन्त चिकित्सा, आयुर्वेद एवं नर्सिंग) से करीब 150 विद्यार्थी एवं चिकित्सक भाग ले रहे हैं।

इस अवसर पर वार्षिक उत्सव के संयोजक प्रो टीपी चतुर्वेदी एवं साहित्यिक कार्यक्रम के संयोजक प्रो किशोर पटवर्धन भी मौजूद रहे।

चिकित्सक है समाज का अभिन्न अंग  

प्रो टीपी चतुर्वेदी ने चिकित्सकों के सर्वांगीण विकास के लिए इस तहर के साहित्यिक कार्यक्रम में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने बताया कि चिकित्सक भी समाज का एक अभिन्न अंग होता है और साहित्य समाज का दर्पण है जिससे चिकित्सक को साहित्य के द्वारा समाज  में सामजस्य बिठाने में महत्वपूर्ण भूमिका होती है।