नारस। बीएचयू के कृषि विज्ञान संस्थान में आंध्र प्रदेश तथा उत्तर प्रदेश के विकासशील किसानों तथा उद्यमियों के लिए मिर्च की खेती पर प्रशिक्षण कार्यक्रम का शनिवार को आयोजन किया गया। इसका आयोजन बेटर लाइफ फार्मिंग संस्था द्वारा प्रायोजित किया गया।

इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के समन्वयक प्रोफेसर अमिताभ रक्षित ने कहा कि बैटर लाइफ फार्मिंग, बेयर क्रॉप साइंस, आईएफसी, नेटाफिम, येरा फर्टिलाइजर और स्विस रेकॉरपोरेट सॉल्यूशन के बीच एक दीर्घकालिक साझेदारी है। जिसका उद्देश्य छोटे किसानों को उनके खेती की क्षमताओं से परिचित कराना है।

किसान बढ़ा सकते हैं अपनी आय
अपने उद्घाटन भाषण में कृषि विज्ञान संस्थान के निदेशक ने कहा कि खेती में बहुत से अनुसंधान हो रहे है। किसानों को उन्हें अपनाना चाहिए जिससे उनकी आय में वृद्धि हो सके अगर किसान मिर्च की खेती अपनाएं तो उन्हें बहुत फायदा होगा।

वही बैटर लाइफ फार्मिंग के प्रतिनिधि के रूप में आनंद प्रकाश शाही, हरमन और संदीप राय उपस्थित थे तथा उन्होंने बीएचयू के प्रति प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित कराने हेतु आभार प्रकट किया।

इन वैज्ञानिको ने किसानो को दिए महत्वपूर्ण सुझाव
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में कृषि विज्ञान संस्थान के संकाय प्रमुख प्रोफेसर एपी सिंह, प्रोफेसर बिरंचि शर्मा, प्रोफेसर रघुरमन, प्रोफेसर राम मंदिर सिंह, प्रोफेसर एकके चौहान, प्रोफेसर वीके चंदोला, एवं डा विनोद कुमार त्रिपाठी और प्रोफेसर अमिताभ रक्षित ने किसानों को मिर्च कि खेती के लिए बेहतर कृषि पद्धति अपनाने का सुझाव दिया तथा यह सम्भावना जताई कि किसान यदि सही रूप से वैज्ञानिक तकनीके अपनाएंगे तो भारत से अधिक मात्रा में मिर्च का निर्यात हो सकेगा।

कार्यक्रम के अंत में सह समन्यवक डा विनोद कुमार त्रिपाठी ने सभी लोगों के प्रति धन्यवाद ज्ञापन किया।